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इस साल भारत में सामान्य रहेगा मॉनसून, सूखे की नहीं कोई गुंजाइश

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First Monsoon Forecast 2018
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First Monsoon Forecast 2018 : उत्तर भारत में होगी अच्छी बारिश

First Monsoon Forecast 2018 : हमारे देश में गर्मी शुरू होने से पहले ही लोगों के मन में यह जानने की उत्सुकता ज्यादा रहती है कि इस साल मॉनसून कैसा रहने वाला है.

और हो भी क्यों ना 3 महीने की भीषण गर्मी से लोग इस कदर परेशान हो जाते हैं कि उनके लिए बारिश की हर एक बूंद बहुमूल्य हो जाती है.
 बता दें कि आपको जानकार यह खुशी होगी इस साल देश में मॉनसून के सामान्य रहना का अनुमान लगाया गया है.
दरअसल मौसम की जानकारी देने वाली प्राइवेट एजेंसी स्काईमेट ने अपने पूर्वानुमान में कहा है कि देश में दक्षिण पश्चिम मॉनसून सामान्य रहने की संभावना है.
स्काइमेट के मॉनसून को लेकर दिए गए बयान के मुताबिक भारत में इस साल जून-सितंबर के बीच मॉनसूनी वर्षा का प्रतिशत 100 फीसदी रहेगा.
यही नहीं इस बार बारिश की शुरूआत भी सही समय पर हो जाएगी.एजेंसी के अनुसार साल 2018 में सामान्य से ज्यादा बारिश होने क संभावना 20 फीसदी है और सूखा पड़ने की संभानवा 0 प्रतिशत है.
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उत्तर भारत में होगी अच्छी बारिश
इस बार के मानूसन का लुत्फ उत्तर भारतीय अच्छे ढंग से उठा सकेंगे. शिमला, मनाली, देहरादून, श्रीनगर, वाराणसी, गोरखपुर, लखनऊ,सहित पूर्वी यूपी, उत्तराखंड के सभी जिले हिमाचल और जम्मू एंड कश्‍मीर के ज्यादातर इलाकों में सामान्य से ज्यादा बारिश होने की उम्मीद है.
दक्षिण भारत में कम बारिश का अनुमान
मानसून को लेकर दक्षिण भारत के राज्यों की बात करें तो चेन्नई, बंग्लुरु, तिरुवनन्तपुरम, कोन्नूर, कोझिकोड, हैदराबाद, कर्नाटक और विशाखापत्तनम में इस बार मानसून सामान्य या सामान्य से कुछ कम रह सकता है.
इस तरह पता चलता है मानसून प्रतिशत
लॉन्ग पीरियड एवरेज(एलपीए) की 96-104 प्रतिशत तक बारिश होती है तो मॉनसून सामान्य माना जाता है, वहीं 90-96 प्रतिशत को सामान्य से कम माना जाता है और 90 प्रतिशत से कम को कम मॉनसून समझा जाता है.
 इस आधार पर जून में रिकार्ड बारिश होगी, जुलाई में यह सामान्य रहेगी और अगस्त में सामान्य से कम रहेगी. लेकिन इसके बाद सितंबर में इसके फिर से जोर पकड़ने का अनुमान है.