नार्थ ईस्ट में हुआ भगवा उदय, जनता ने कहा अब नहीं कहेंगे लाल सलाम !

North East Election Result 2018

North East Election Result 2018 : मोदी और शाह मैजिक रहा बरकरार

North East Election Result 2018 : नार्थ ईस्ट राज्यों के कल आए चुनावी नतीजे ने एक बार फिर भाजपा कार्यकर्ताओं को होली के रंग में सराबोर कर दिया है.

होली के अगले दिन तीन नार्थ ईस्ट राज्यों के आए चुनावी परिणामों ने सबको आश्चर्य में डालते हुए भाजपा को पहली बार सत्ता का स्वाद चखने का मौका दिया है.
बता दें कि नार्थ इस्ट के 3 राज्य त्रिपुरा, नागालैंड और मेघालय में फरवरी माह में 59-59 सीटों पर मतदान करवाए गए थे जिसके नतीजे कल यानी की 3 मार्च को हमारे सामने आए हैं.
त्रिपुरा में जहां भाजपा ने 25 साल के वाम शासन को उखाड़कर फेंकते हुए अकेले दम पर बहुमत हासिल किया है तो वहीं दूसरी तरफ नागालैंड में भाजपा को सरकार में शामिल होने का अभी से ही न्यौता मिल गया है.
हालांकि मेघालय में कांग्रेस ज्यादा सीटे पाने वाली पार्टी बनी है मगर वो भी बहुमत के आकड़ों को नहीं छू सकी है जिस वजह से वहां किसी भी पार्टी को पूर्ण बहुमत नहीं मिल सका है.
खास बात है कि त्रिपुरा में भगवा रंग ने मणिक सरकार के लाल सलाम पर भारी जीत दर्ज करते हुए अपने विजय अभियान में एक और राज्य को शामिल कर लिया है, और इसी के साथ अब भाजपा देश के 29 राज्यों में से 20 राज्यों में सरकार बनाने वाली सबसे बड़ी राजनैतिक पार्टी बन गई है.
त्रिपुरा की जनता ने स्वीकारा भगवा सलाम
त्रिपुरा में कुल 59 सीटों में भाजपा ने अपने गठबंधन सहयोगी इंडीजनस पीपुल्स फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (आईपीएफटी) के साथ मिलकर 43 विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज की है, जबकि वामपंथियों को इस चुनाव में महज 16 सीटों पर ही संतोष करना पड़ा है.
गौरतलब है कि 2013 के चुनाव में बीजेपी ने अपने 50 उम्मीदवार मैदान में उतारे थे. जिनमें से 49 की तो जमानत भी जब्त हो गई थी क्योंकि उन्हें सिर्फ 1.54 फीसदी वोट मिले थे.
वहीं त्रिपुरा में बीजेपी ने इस बार दो मोर्चे कांग्रेस और सत्ताधारी लेफ्ट से लड़ाई लड़ते हुए यह प्रचंड जीत हासिल की है.
नागालैंड में भाजपा को सरकार बनाने का मिला न्योता
बात अगर नागालैंड की करें तो वहां भी अभी त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति है क्योंकि कोई भी दल या गठबंधन बहुमत के आकड़े को नहीं छू सका है.
यहां पर एनपीएफ 27, बीजेपी 28 ,कांग्रेस 0 और अन्य के झोली में 4 सीटे आई हैं.
हालांकि एनपीएफ नेता एवं मुख्यमंत्री टीआर जेलियांग ने चुनाव में बड़ी पार्टी होने के नाते भाजपा को उनकी सरकार में शामिल होने का न्यौता दे दिया है.
बता दें कि चुनाव से ठीक पहले भाजपा एनपीएफ से अलग हो गई थी और नेफियू रियो की नई पार्टी एनडीपीपी से हाथ मिला लिया था.
मेघालय ने बचाई कांग्रेस की लाज
मेघालय में देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस को थोड़ा राहत मिलते जरूर दिखा है क्योंकी वहां पर वो सबसे बड़ी पार्टीं के रूप में उभरी है.
मेघालय की 59 सीटों में कांग्रेस ने 21, नॉर्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक एलायंस सहयोगी नेशनल पीपुल्स पार्टी ने 19, बीजेपी ने 2 और अन्य ने 17 सीटों पर जीत दर्ज कराई है.
लेकिन वहां भी किसी दल को बहुमत ना मिलने के कारण अभी यह संशय बना हुआ है कि वहां किसकी सरकार बनती है.