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देश के बेरोजगार युवाओं का खून चूसते कर्मचारी आयोग, जानिए क्या है पूरा SSC पेपर लीक मामला

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SSC Paper Leak
pic courtsey - navoday times

SSC Paper Leak : छात्रों के सामने झुकी सरकार, CBI जांच की मिली मंजूरी

SSC Paper Leak : युवाओं का देश कहे जाने वाले भारत में ही उनकी हालत बत से बत्तर होती जा रही है, और इसका सबसे बड़ा कारण है हमारे देश की भ्रष्ट व्यवस्था.

हमारे देश के नौजवानों के सामने इस समय सबसे बड़ी चुनौती बेरोजगारी की है जिस वजह से वो लगातार परेशान और हताश होते जा रहे हैं. उसपर से चयन आयोग की भ्रष्ट व्यवस्था ने अलग से इन युवाओं का खुन पी रखा है.
ताजा मामला SSC यानि कर्मचारी चयन आयोग के पेपर लीक का है, जहां परीक्षा में हुए धांधली को लेकर छात्र 27 फरवरी से दिल्ली के लोधी रोड में आंदोलन कर रहे हैं.
देश भर से आए हजारों छात्रों द्वारा किए जा रहे इस प्रदर्शन में सरकार से उनकी यह मांग है कि वो इस पेपर लीक मामले में जल्द से जल्द निष्पक्ष करें.
आखिरकार 5 मार्च यानि की कल छात्रों के आंदोलन के सामने सरकार को झुकना पड़ा है, और उसने SSC पेपर लीक मामले में CBI जांच की मंजूरी दे दी है.
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क्या है पूरा मामला
SSC के परीक्षार्थियों का आरोप है कि 17 से 22 फरवरी 2018 तक हुए कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल परीक्षा के दूसरे चरण की ऑनलाइन परीक्षा से पहले ही उसका प्रश्न पत्र सोशल मीडिया पर लीक हो गया थे.
छात्रों का कहना है कि इस लीक में एसएससी के अधिकारी और ऑनलाइन परीक्षा संचालन करने वाली एजेंसी भी शामिल हैं.
हालांकि एसएससी ने इन आरोपों को शुरू में ही ख़ारिज करते हुए प्रदर्शनकारियों से सबूत पेश करने को कहा था. इस पर SSC के छात्र मामले में सीबीआई जांच की मांग करने लगे.
बता दें कि एसएससी मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने ग्रेजुएट लेवल परीक्षा के साथ-साथ एसएससी की इस साल आयोजित सभी परीक्षाओं में गड़बड़ी के आरोप लगाए हैं. इसके साथ ही छात्रों ने लीक हुए पेपर के स्क्रीनशॉट के साथ प्रदर्शन भी किया.
मनोज तिवारी और अन्ना का मिला साथ
गौरतलब है कि इस आंदोंलन में मनोज तिवारी ने छात्रों का भरपूर साथ दिया. इस मामले में 4 मार्च को दिल्ली प्रदेश भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी के नेतृत्व में छात्रों का प्रतिनिधिमंडल गृहमंत्री राजनाथ सिंह व एसएससी चेयरमैन असीम खुराना से भी मिल चुका है.
इसके बाद एसएससी चेयरमैन ने आंदोलनकारी छात्रों की मांग का समर्थन करते हुए उनके लगाए गए आरोपों की जांच करने की बात कही.
वहीं इस मामले में समाजसेवी अन्ना हजारे ने भी आंदोलन कर रहे छात्रों से मुलाकात की और उनकी मांग का समर्थन किया.
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12 मार्च को सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई
छात्रों के आंदोलन के परिणामस्वरूप SSC पेपर लीक मामला देश की सर्वोच्च अदालत तक जा पहुंचा है.इस मामले में जांच की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की गई है जिसपर 12 मार्च को सुनवाई होगी.
वहीं परीक्षा में धांधली को लेकर छात्रों के प्रदर्शन के बाद सरकार ने पहले ही मामले की सीबीआई जांच की मंजूरी दे दी है.