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Gymnastics World Cup : 22 साल की अरुणा रेड्डी ने जिमनास्टिक वर्ल्ड कप में कांस्य जीत रचा इतिहास

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Gymnastics World Cup

Gymnastics World Cup : जिमनास्ट में पदक जीतने वाली देश की बनी पहली महिला

Gymnastics World Cup : भारत के लिए शनिवार को मेलबर्न से ऐसी खुशखबरी आई है जिसने हम सब भारतीय को गर्व करने का एक बार फिर मौका दिया है.

दरअसल इन दिनों ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न शहर में चल रहे जिमनास्टिक वर्ल्ड कप में भारतीय जिमनास्ट अरुणा रेड्डी ने कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया है.
लगभग 22 साल की अरुणा ने महिला वॉल्ड ईवेंट में तीसरे स्थान पर रहते हुए कांस्य पदक अपने नाम किया. इसके साथ ही वो भारत की जिमनास्ट में मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला बन गई हैं.
बता दें कि जिमनास्ट वर्ल्डकप में इस बार चार भारतीय खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं और पहली बार सबने अपने-अपने इवेंट में फ़ाइनल में जगह बनाई है. पदक जीतने वाली अरूणा रेड्डी ने मेडल राउंड में 13.649 का स्कोर किया.
Gymnastics World Cup
अरुणा रेड्डी
वहीं इस टूर्नामेंट में स्लोवेनिया की तजासा किसलेफ ने 13.8 अंको के साथ गोल्ड मेडल और ऑस्ट्रेलिया की ऐमिली वाइटहेड ने 13.699 अंको के साथ सिल्वर मेडल जीता.
गौरतलब है कि अरुणा रेड्डी सिर्फ एक जिमनास्ट नहीं हैं वो कराटे ट्रेनर और पूर्व ब्लैक बेल्ट खिलाड़ी भी रही हैं. इससे पहले साल 2005 में रेड्डी ने जिमनैस्टिक्स में पहला नेशनल मेडल जीता था.
इसके बाद 2014 कॉमनवेल्थ खेलों में वो क्वॉलिफिकेशन राउंड के दौरान 14वें स्थान पर रही थीं. वहीं एशियन गेम्स में वह नौवें स्थान पर रही थीं और साल 2017 में हुई एशियन चैंपियनशिप में अरुणा ने अपना वॉल्ट छठे स्थान पर फिनिश किया था.
जानकारी के लिए बता दें कि भारत में जिमनैस्टिक्स पहली बार तब सुर्खियों में आया था, जब 2010 कॉमनवेल्थ खेलों के दौरान भारत के आशीष कुमार ने इस प्रतिस्पर्धा में देश को पहला मेडल दिलाया था.
आशीष ने 2010 कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया था. इसके 6 सालों बाद रियो ओलिंपिक 2016 में भी जिमनैस्टिक्स में क्वॉलिफाइ करने वाली दीपा कर्मकार पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनी थीं.
उन्होंने 52 साल में पहली बार भारत के लिए इस स्पर्धा में क्वॉलिफाइ किया था, तब दीपा ओलिंपिक में ब्रॉन्ज जीतने से मामूली अंतर से चूक गई थीं.